SCGNEWS Desk : मथुरा के पावन नगरी वृंदावन से एक बेहद चौंकाने वाली और डरावनी घटना सामने आई है, जहाँ संत प्रेमानंद महाराज के एक शिष्य की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। केली कुंज आश्रम के पास स्थित ‘गुरु कृपा कुंज’ भवन में रहने वाले जबलपुर के रहने वाले रसिक दुलारी शरण (दीपक पटेल) की चौथी मंजिल से नीचे गिरने से जान चली गई।
शुरुआत में यह मामला महज एक हादसा या सामान्य आत्महत्या लग रहा था, लेकिन जैसे-जैसे इस घटना से जुड़ी परतें खुल रही हैं, उसने पुलिस, डॉक्टरों और आम लोगों के होश उड़ा दिए हैं।
सीसीटीवी फुटेज में दिखा, बिना तड़पे छत की ओर बढ़े शिष्य
पुलिस द्वारा खंगाले गए आश्रम के सीसीटीवी फुटेज ने इस पूरी घटना को और भी रहस्यमयी बना दिया है। फुटेज में देखा जा सकता है कि रसिक दुलारी शरण अपने कमरे से खून से सनी धोती में बाहर निकलते हैं और सीढ़ियों से होते हुए शांति से छत पर पहुंच जाते हैं। सबसे हैरान करने वाली बात यह थी कि शरीर के सबसे संवेदनशील अंग को इलेक्ट्रिक ग्राइंडर से काटने के बावजूद उनके चेहरे पर दर्द का कोई भाव नहीं था। वे न तो चीखे और न ही उन्होंने कोई शोर मचाया। इसके बाद वे अचानक बाउंड्री पर चढ़कर नीचे छलांग लगा देते हैं, जिससे बाल-बाल एक साइकिल सवार भी बचता है।
मेडिकल साइंस भी हैरान: बिना दर्द के कैसे संभव है ऐसा कृत्य?
इलेक्ट्रिक ग्राइंडर से शरीर का अंग कटने के बाद किसी भी सामान्य इंसान का दर्द से बेहाल होना तय माना जाता है। इस मामले पर आश्चर्य जताते हुए मथुरा के उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. भूदेव ने कहा कि इतनी भयंकर स्थिति में बिना चीखे-चिल्लाए चलना और शांत रहना मेडिकल साइंस के लिहाज से लगभग असंभव है। पुलिस को शक है कि कहीं घटना के वक्त रसिक किसी भारी नशे या ड्रग्स के प्रभाव में तो नहीं थे? इसकी पुष्टि के लिए उनके ब्लड सैंपल फोरेंसिक लैब भेजे गए हैं, और यह भी जांच की जा रही है कि कमरे में ग्राइंडर कहां से आया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ खुलासा, अत्यधिक खून बहने से हुई मौत
सामने आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट में रसिक दुलारी शरण के शरीर पर कुल सात गंभीर चोटों की पुष्टि की गई है। रिपोर्ट के अनुसार, चौथी मंजिल से नीचे गिरने के कारण सिर, चेहरे, हाथ, पैर और एड़ियों की हड्डियां गंभीर रूप से प्रभावित हुईं। इसके अलावा ग्राइंडर से प्राइवेट पार्ट कटने के कारण शरीर से बहुत अधिक मात्रा में खून बह गया था। डॉक्टरों का मानना है कि ‘एक्सेसिव ब्लड लॉस’ (Excessive Blood Loss) ही उनकी मौत का मुख्य कारण बना। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि घटना के वक्त उनका रूममेट जुगल शरण कहाँ था।
पुलिस हर एंगल से खंगाल रही है अनसुलझे सवाल
वृंदावन पुलिस इस खौफनाक और रहस्यमयी आत्महत्या के पीछे की असली वजह का पता लगाने के लिए हर संभावित एंगल से जांच कर रही है। मौके से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, जिससे मामला और उलझ गया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आखिर एक सामान्य इंसान होश में रहते हुए ऐसा आत्मघाती कदम कैसे उठा सकता है। मामले के जांच अधिकारी सीओ संदीप कुमार सिंह के मुताबिक, सभी पहलुओं की गहनता से पड़ताल की जा रही है और आश्रम के अन्य लोगों से भी पूछताछ जारी है ताकि इस गुत्थी को पूरी तरह सुलझाया जा सके।